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उत्तर प्रदेश की जनता के दिलों में बसते हैं योगी, उन्हें अस्थिर करने का प्रयास पड़ रहा है भारी 

अमरोहा के गजरौला निवासी डा.रविंद्र शुक्ला एडवोकेट की कलम से…….

वर्ष 2024 लोकसभा स्थितियों पर आकलन करने के बाद एक राजनीतिक विश्लेषक के तौर पर अपना पक्ष रखते हुए अवगत कराना चाहता हूं कि दिनांक 19 मार्च 2017 दिन रविवार को उत्तर प्रदेश जैसे विशाल प्रदेश की कमान गोरखनाथ मठ के पीठाधीश्वर महंत योगी आदित्यनाथ जी को मिली और उत्तर प्रदेश  के मुख्यमंत्री बने। शपथ लेने के बाद लोगों के दिल और दिमाग में योगी बसने लगे।  प्रदेश योगी की कार्यशैली, दिशा निर्देशन में आगे बढ़ता जा रहा है। उत्तर प्रदेश के प्रत्येक आम आदमी यहां तक कि अंतिम पायदान पर खड़े प्रत्येक व्यक्ति को यह अहसास होने लगा था  कि हमारे दिन बदलने वाले हैं। कोई अपना है जो हमारी सुनता है। चारों तरफ सिर्फ विकास ही विकास दिखाई दे रहा था लेकिन उत्तर प्रदेश जैसे विशाल राज्य की कमान एक योगी को मिलने से जिनके नाम मैं नहीं लिख रहा हु उनको यह सब नागवार गुजर रहा  है। लगातार बढ़ती जा रही योगी आदित्यनाथ की लोकप्रियता से कुछ बड़े चेहरे लगातार घबराते जा रहे हैं । लगातार योगी आदित्यनाथ को अस्थिर करने का  प्रयास किया जाता रहा है। वर्ष 2021 में भी योगी आदित्यनाथ  को अस्थिर करने का प्रयास किया गया। लगातार ना जाने क्यों यह प्रयास किया जा रहा है जबकि यदि उत्तर प्रदेश के प्रधान सेवक योगी को नजरअंदाज किया गया तो यह उत्तर प्रदेश की जनता जिनके दिलों में योगी आदित्यनाथ बसते  हैं। उनके दिलों को तोड़ने जैसा साबित होगा और टूटे दिल से कोई काम नहीं होते।  यानि यूं  कहूं कि भाजपा के लिए उत्तर प्रदेश की राहा 2027 में अत्यधिक कठिन हो जाएगी। अभी भी वक्त है । एक प्रयास शीर्ष नेतृत्व एवम योगी आदित्यनाथ को चाहने वालों के लिए किया जा रहा है। यह सच है कि भारतीय जनता पार्टी को आशा के अनुरूप परिणाम प्राप्त नहीं हुए। कई राजनीतिक जानकार अपने-अपने तरीके से राजनीतिक विश्लेषण कर रहे हैं लेकिन एक एडवोकेट एवं राजनीतिक विश्लेषक के तौर पर यह कहने में मुझे बिल्कुल भी गुरेज नहीं है कि योगी आदित्यनाथ की कार्य कुशलता, जनमानस  के प्रति अपार प्रेम,एक अंतिम व्यक्ति की आशा है। 

यदि शीर्ष नेतृत्व द्वारा योगी आदित्यनाथ को नजरअंदाज किया गया  तो भाजपा के लिए आने वाले सभी परिणाम निश्चित रूप से निराशाजनक होंगे। संक्षेप में इतना ही कह सकता हूं कि उत्तर प्रदेश की मांग एवम आम व्यक्ति की पुकार हैं योगी आदित्यनाथ  ।

लेखक-  

डा.रवींद्र शुक्ला एडवोकेट 

सोशल रिफॉर्मर

प्रवक्ता एवं राजनीतिक विश्लेषक

Khabardar 24

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