सराहनीयः चौपला पुलिस ने ढूंढकर सौंपा एक लाख की नगदी और जेवर से भरा बैग

दिल्ली से मुरादाबाद जा रही महिला का बैग छूट गया था गजरौला में खराब हुई रोडवेज की बस में
बैग खोलते ही खुशी से छलक उठे महिला यात्री की आंखों से आंसू, चौपला चौकी इंचार्ज को दीं दुआएं
नवनीत अग्रवाल
अमरोहा। दिल्ली से मुरादाबाद जा रही महिला यात्री और उनके पुत्र के लिए गजरौला पुलिस इस कदर मददगार साबित होगी। उन्होंने सोचा भी नहीं होगा। गजरौला में रोडवेज की खराब हुई बस में एक लाख रुपये की नगदी, सोने के जेवर,कपड़े आदि से भरा बैग छूटने की जानकारी जैसे ही उन्हें हुई उनके तो पैरों तले जमीन ही खिसक गई। आनन फानन में किसी तरह दौड़तेभागते चौपला चौकी पर पहुंचे और वहां चौकी इंचार्ज एसआई परविंदर मलिक को इसकी जानकारी दी। पुलिस भी तत्काल एक्शन मोड में आई और आधे घंटे में ही बैग तलाश कर उन्हें लौटा दिया। बैग को सामने देख उनकी हिम्मत बंधी लेकिन आशंका अभी भी थी लेकिन जैसे ही बैग खोलकर देखा उसमें एक लाख ही नगदी, जेवर, कपड़े आदि सकुशल देख महिला की आंखों से आंसू छलक उठे। वह चौपला चौकी इंचार्ज एसआई परविंदर मलिक की तारीफें और उनके प्रमोशन की कामनाएं करते नहीं थक रही थीं। चौपला चौकी इंचार्ज एसआई परविंदर मलिक ने कहा कि पुलिस तो है ही जनता की सेवा के लिए। कुछ लोगों की वजह से पूरे सिस्टम पर उंगली उठाया न्यायसंगत नहीं है। वहीं इस दौरान चौपला चौकी पर मौजूद भीड़ में शामिल लोग भी खाकी की ईमानदारी को सैल्यूट करते नजर आए। आइए अब जाइए क्या था पूरा मामला। मुरादाबाद में प्रतीक विहार थाना सिविल लाइंस निवासी श्यामा देवी अपने पुत्र धर्मेद्र सिंह चौहान के साथ बृहस्पतिवार की दोपहर दिल्ली में अपनी बेटी से मुलाकात कर रोडवेज की बस से मुरादाबाद लौट रही थीं। गजरौला में हवेली रिसोर्ट के सामने रोडवेज की बस अचानक से खराब हो गई। इस पर परिचालक ने यात्रियों को दूसरी बस में बैठा दिया। बताते हैं कि रास्ते में जोया टोलप्लाजा से पास महिला को अपने पास मौजूद बैग का ध्यान आया। बैग नहीं देख उन्होंने शोर मचा दिया और मां-बेटे बदहवास हालत में चौपला चौकी पर पहुंचे और वहां मौजूद एसआई परविंदर मलिक को इसकी जानकारी दी।




