अमरोहा में फाइलों में चल रही फर्जी संस्थाओं के संचालकों पर होगी एफआईआर

नवनीत अग्रवाल
अमरोहा। जिलाधिकारी बालकृष्ण त्रिपाठी ने कौशल विकास मिशन के तहत जनपद में कार्यरत संस्थाओं के कार्य की समीक्षा की। साथ ही सिर्फ कागजों में संचालित संस्थाओं की सूची बनाने को कहा। आगामी बैठक में उनका रजिस्ट्रेशन कैंसल कराने की बात कही। सख्त लहजे में कहा कि सरकारी रुपयों का दुरुपयोग करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
मंगलवार को अमरोहा कलेक्ट्रेट में डीएम बीके त्रिपाठी की अध्यक्षता में उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन जिला कार्यक्रम प्रबंधन इकाई की बैठक आयोजित की गई। जिलाधिकारी ने कौशल विकास मिशन के लिए जनपद में कार्य कर रही सभी संस्थाओं से एक-एक करके बच्चों के पंजीकरण, लक्ष्य, प्रशिक्षण, प्लेसमेंट सहित विभिन्न बिंदुओं पर जानकारी ली। कई संस्थाओं द्वारा लक्ष्य के सापेक्ष कार्य न कराए जाने, प्रशिक्षण न दिए जाने, फर्जी उपस्थित दर्ज किए जाने तथा अधिकतम रजिस्ट्रेशन फर्जी कराकर पैसे का दुरुपयोग किए जाना सामने आने पर संबंधित संस्था के प्रबंधक को कड़ी कार्यवाही की हिदायत दी । उन्होंने प्रधानाचार्य राजकीय आईटीआई को निर्देशित करते हुए कहा कि फर्जी रजिस्ट्रेशन कराने, प्रशिक्षण नहीं दिए जाने और बच्चों की फर्जी उपस्थिति दर्शाने वाली संस्थाओं की सूचि बनाएं। आगामी बैठक में रिपोर्ट प्रस्तुत करें। कार्य न करने वाली संस्थाओं को निरस्त किए जाने के लिए प्रस्ताव तैयार करें। फर्जी रजिस्ट्रेशन कराकर आंकड़े दिखाने वाली संस्थाओं को दी गई राशि की वसूली की जाए और गंभीर धाराओं में एफआईआर कराई जाए। उन्होंने कहा कि जो भी संस्थाएं हैं उन संस्थाओं में जिला स्तरीयअधिकारियों की ड्यूटी लगाकर औचक निरीक्षण किया जाए। डीएम ने बताया कि सरकार द्वारा कौशल विकास के तहत प्रशिक्षण देकर अधिक से अधिक रोजगार देने के निर्देश दिए गए हैं। यह सरकार की बहुत ही महत्वपूर्ण योजना है। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी चंद शेखर शुक्ल, अपर जिलाधिकारी भगवान शरण, परियोजना निदेशक प्रधानाचार्य राजकीय आईटीआई शिवकुमार शर्मा के साथ ही संबंधित अधिकारी व विभिन्न संस्थाओं के प्रबंधक और प्रतिनिधि मौजूद रहे ।







